
तेलंगाना: भारतीय किसान संघ की तीन दिवसीय अखिल भारतीय प्रतिनिधि सभा का शुभारंभ शुक्रवार को तेलंगाना के भाग्यनगर स्थित अन्नोजिगुड़ा के राष्ट्रीय विद्या केंद्र के सभागार में हुआ। उद्घाटन सत्र में अखिल भारतीय पदाधिकारियों की उपस्थिति में सर्वप्रथम भारत माता व भगवान बलराम के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर अखिल भारतीय प्रतिनिधि सभा का विधिवत उद्घाटन किया गया। इससे पूर्व अखिल भारतीय प्रतिनिधि सभा में देश भर से शामिल होने पहुंचे किसान संघ के प्रांतीय पदाधिकारियों की उपस्थिति में प्रांगढ़ में ध्वजारोहण व गौ माता पूजन किया गया। प्रथम सत्र में किसान संघ के अखिल भारतीय अध्यक्ष के साई रेड्डी ने स्वागत भाषण दिया और महामंत्री मोहिनी मोहन मिश्र ने महामंत्री प्रतिवेदन का वाचन कर प्रतिनिधि सभा में किसान संघ के कार्यों को रखा। इस अवसर पर मंच पर चारों अखिल भारतीय उपाध्यक्ष रामभरोस बासोतिया, सुषीला विश्नोई, पेरूमल, विशाल चंद्राकर की उपस्थिति उल्लेखनीय रही। इसके साथ ही राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के अखिल भारतीय संपर्क प्रमुख रामलाल जी, प्रांत प्रचारक श्रीधर जी, अखिल भारतीय संगठन मंत्री दिनेश कुलकर्णी, सह संगठन मंत्री गजेन्द्र सिंह उपस्थित रहे।

कृषि व किसान के विभिन्न विषयों पर होगा मंथन
किसान संघ की अखिल भारतीय प्रतिनिधि सभा में तीन दिनों तक कृषि व किसान के विभिन्न समस्याओं व विषयों पर चिंतन व मंथन होगा। जिसमें आम बजट, सीड बिल, फसल बीमा, जैविक खेती, गौ कृषि वाणिज्यम्, कृषि यंत्रों पर जीएसटी कम करने, किसान सम्मान निधि बढ़ाने, भारत अमेरिका व्यापार समझौता, भूमि अधिग्रहण, आयात निर्यात नीति, जीएम बीज सहित संगठनात्मक, रचनात्मक व आंदोलनात्मक अन्य विषय शामिल होंगे।

महामंत्री प्रतिवेदन में दिखी किसान संघ की ताकत

महामंत्री मोहनी मोहन मिश्र के द्वारा प्रस्तुत प्रतिवेदन में किसान संघ की देश में जमीनी स्तर पर बढ़ती ताकत की स्पष्ट छाप देखने मिली। प्रतिवेदन में देश के अनेक राज्यों में हुये प्रशिक्षण वर्ग, अधिकारी प्रवास व किसान आंदोलनों के परिणाम स्वरूप किसान संघ की जमीनी ताकत में हुये विस्तार को शामिल किया गया।









